हिमाचल में बारिश-बर्फबारी से गिरा तापमान
हिमाचल प्रदेश की ऊंची चोटियों पर ताजा हिमपात और पहाड़ों सहित मध्य व मैदानी इलाकों में हुई बारिश से अधिकतम तापमान में गिरावट आने से लोगों ने भीषण गर्मी से राहत की सांस ली है।
नौतपा में तपे हिमाचल के लोगों सहित पर्यटकों को ठंडक भरे मौसम का अहसास हो गया। जहां पंखे चलने शुरू हो गए थे, वहीं शिमला सहित प्रदेश के कई इलाकों में गर्म वस्त्र व हीटर बाहर निकल आए।
ऊना में सबसे अधिक 20 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। जुब्बड़हट्टी में 10.2, सुंदरनगर में 6.6, शिमला शहर में 5.2, नेरी में 3, धर्मशाला में 2.4, कांगड़ा में 1.6, कुफरी में 1 व नाहन में 1.2 मिलीमीटर वर्षा हुई, जबकि मनाली में बूंदाबांदी हुई।
राज्य में सबसे कम न्यूनतम तापमान जनजातीय क्षेत्र कुकुमसेरी में 3.9 डिग्री सैल्सियस दर्ज किया गया, जबकि अधिकतम तापमान ऊना में 28.8 व राजधानी शिमला में 17.5 डिग्री रिकॉर्ड किया गया है।
रविवार को 8 जिलों में रहेगा यैलो अलर्ट
मौसम विभाग ने रविवार को बिलासपुर, हमीरपुर, ऊना, कुल्लू, मंडी, शिमला, सोलन और सिरमौर जिलों में ओलावृष्टि, गरज-चमक/बिजली गिरने और तेज अंधड़ चलने का यैलो अलर्ट जारी किया गया है।
1 से 4 जून तक फिलहाल कोई विशेष मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है। अगले 3 से 4 दिनों में राज्य के कई हिस्सों में न्यूनतम तापमान में 2 से 6 डिग्री सैल्सियस और अधिकतम तापमान में 3 से 6 डिग्री सैल्सियस की धीरे-धीरे वृद्धि दर्ज की जाएगी।
इस साल सामान्य से कम बारिश का अनुमान
मौसम केंद्र शिमला ने वर्ष 2026 के दक्षिण-पश्चिम मानसून (जून से सितम्बर) और आगामी जून महीने के लिए दीर्घावधि पूर्वानुमान जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार इस बार सामान्य से कम मानसून रहने की संभावना है।
इस साल देश भर में मानसून की कुल वर्षा दीर्घावधि औसत (एलपीए) का 90 प्रतिशत रहने का अनुमान है। हिमाचल में इस साल अधिकांश हिस्सों में मानसून की बारिश सामान्य से कम (एलपीए का 92 फीसदी कम) रहने की संभावना जताई गई है।